हमारा शरीर चला जाय कोई ग़म नहीं, हमारे शिष्य को कोई आंच नहीं आनी चाहिए: चार्य श्री पुरुषोत्तम दास त्यागी जी महाराज
🙏🙏🌹🌹🌹🙏🙏🌹🌹"सादर जय सियाराम"
हमारा शरीर चला जाय कोई ग़म नहीं पर हमारे शिष्य को कोई आंच नहीं आनी चाहिए ,
आंच का तात्पर्य है तनिक भी ताप , तनिक भी कष्ट , तनिक भी समस्या नहीं आनी चाहिए ,
[आचार्य श्री पुरुषोत्तम दास त्यागी जी महाराज ]
संपूर्ण विश्व ,
संपर्क सूत्र:-6396372583,
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