सुबीर तालुका के खजुराना गांव में बारिश के माहौल बीच पवनसुत हनुमानजी की जयंती बड़े धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाई गई।
वन क्षेत्रों के गांवों में हिंदू संस्कृति के स्पष्ट प्रमाण आज भी मिलते हैं। आज बरसात के मौसम के बीच भी, बड़ी संख्या में लोगों ने विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों और पुजा पाठके साथ हनुमान जयंती मनाई।
सुबीर तालुका के खजुरना गांव में, जनसंख्या आबादी 750 है, गांव के सरपंच शैलेश चौधरी, अनिल बागुल, राजू भोये, अनिल जादव और गांव के अन्य युवा हिंदू संस्कृति को जीवित रखने के लिए विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन करते हैं।
डांग जिले के सुबीर तालुका क्षेत्र के गांवों में अचानक हुई भारी बारिश के बीच हनुमान जयंती मनाई जा रही है।
हनुमान जयंती, जिसे आस्था का त्योहार माना जाता है, डांग के सुदूर गांवों के हनुमान मंदिरों में 'जय, जय, जय हनुमान गोसाई' के नारों के बीच मनाई जा रही है।
आज सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में उमड़ पड़े और हनुमान चालीसा का पाठ करके तथा हवन का लाभ उठाकर अपने जीवन मे बड़ा आशीर्वाद प्राप्त किया।
पर्वत श्रृंखलाओं के बीच बसे आदिवासी क्षेत्रों के गांवों में, सभी हिंदू त्योहार डांगी परंपरा के अनुसार एक अनोखे तरीके से मनाए जाते हैं, जहां भक्ति का वातावरण आनंदमय उत्सव में परिवर्तित हो जाता है।


