Etawah News: जसवंतनगर में शिवपाल सिंह यादव ने संविधान निर्माता डॉ भीम राव अम्बेडकर की 135 वीं जयंती मनाई
रिपोर्ट एस एस वर्मा, मनोज कुमार TTN 24 News
जसवंतनगर/इटावा: क़स्बा में कोठी कैस्त स्थित अम्बेडकर पार्क में डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती बड़े ही उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर क्षेत्र में विशेष आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, पार्टी कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में शिवपाल सिंह यादव (सपा महासचिव) शामिल हुए। उन्होंने बाबा साहेब की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके महान व्यक्तित्व एवं कृतित्व को नमन किया। इस दौरान पूरे वातावरण में “जय भीम” के नारों की गूंज सुनाई दी, जिससे कार्यक्रम में उत्साह और भी बढ़ गया।अपने संबोधन में शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि डॉ. अंबेडकर केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि एक विचारधारा हैं, जिन्होंने समाज के कमजोर, पिछड़े और वंचित वर्गों को मुख्यधारा में लाने के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया। उन्होंने भारतीय समाज को समानता, स्वतंत्रता और बंधुत्व का संदेश दिया, जो आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना उनके समय में था।उन्होंने आगे कहा कि बाबा साहेब का सबसे बड़ा योगदान भारतीय संविधान निर्माण में रहा, जिसके माध्यम से उन्होंने देश के प्रत्येक नागरिक को समान अधिकार दिलाने का कार्य किया। उनका मानना था कि शिक्षा ही वह माध्यम है, जिससे समाज में वास्तविक परिवर्तन लाया जा सकता है। इसलिए हमें उनके बताए मार्ग पर चलते हुए शिक्षा को बढ़ावा देना चाहिए और समाज में व्याप्त भेदभाव को समाप्त करने का प्रयास करना चाहिए।कार्यक्रम में उपस्थित अन्य वक्ताओं ने भी डॉ. अंबेडकर के जीवन और उनके संघर्षों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने कठिन परिस्थितियों में भी हार नहीं मानी और अपने दृढ़ संकल्प के बल पर इतिहास रच दिया। उनका जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
इस अवसर पर कार्यकर्ताओं और नागरिकों ने बाबा साहेब के विचारों को अपनाने और समाज में समानता एवं न्याय की स्थापना के लिए कार्य करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया गया और बाबा साहेब के बताए रास्ते पर चलने की अपील की गई।
इस अवसर पर नगर अध्यक्ष राहुल गुप्ता, मोनू यादव, जितेन्द्र यादव मोना, रामवीर यादव हाजी एहसान मिया, अनुज यादव मोंटी, डॉ धर्मेद्र कुमार, आशुतोष टोनू यादव, अनिल प्रताप यादव, शिवप्रकाश, अशोक क्रांतकारी, विद्याराम यादव, नेत्रपाल प्रधान, सत्यवती यादव, मुहम्मद शमीम, बिल्लू यादव, आकाश कुमार, लड्डन सड्डन, सुनील यादव, नीरज यादव, गोपाल गुप्ता, ऋषिकांत चतुर्वेदी समेत बड़ी संख्या में अम्बेडकर वादी विचार धारा के लोग मौजूद रहे.
