गुरुदेव से कपट पूर्ण व्यवहार करने से व्यक्तिगत विकास के लिए भी हानिकारक है: आचार्य श्री पुरुषोत्तम दास त्यागी जी महाराज
🙏🙏🌹🌹🌹🙏🙏🌹🌹"सादर जय सियाराम"
गुरुदेव को सर्वज्ञ मानकर गुरुदेव के सामन पारदर्शिता रहें ।
प्रत्येक शिष्य को अपने पूज्य गुरुदेव भगवान से अपनी गलतियां छिपाने के बजाय स्वीकार करें ।
गुरुदेव से कपट पूर्ण व्यवहार करने न केवल आध्यात्मिक अपितु व्यक्तिगत विकास भी रुक जाता है ।
गुरुदेव से कपट पूर्ण व्यवहार करने से व्यक्तिगत विकास के लिए भी हानिकारक है ।
जो अपने पूज्य गुरुदेव भगवान से दुराव करता है ।
वह अपनी प्रगति में खुद बांधा डाल लेता है ।
गुरुदेव अपने शिष्य की कमियां जानते हुए
गुरुदेव के रुप में भगवान स्वयं भगवान खूद शिष्य के साथ पल-पल होता है ।
आपका मार्गदर्शक आपके पूज्य गुरुदेव ,
[आचार्य श्री पुरुषोत्तम दास त्यागी जी महाराज]
संपर्क करें:-6396372583,
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