हरदोई, सपा प्रदेश सचिव यदुनंदन लाल वर्मा जेल से छूटते ही किया शक्ति प्रदर्शन 5, पर रिपोर्ट दर्ज 01, गिरफ्तार
चन्दगीराम मिश्रा
हरदोई यूपी
हरदोई जिले में समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव यदुनंदन लाल वर्मा की रिहाई ने एक बड़े विवाद को जन्म दे दिया।भगवान श्रीराम और माता कौशल्या पर अभद्र और अश्लील टिप्पणी के मामले में हरदोई पुलिस ने जेल भेजा दिया था।यदुनंदन को सोमवार को अदालत से जमानत मिली।जेल से बाहर आते ही उनके समर्थकों और भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने स्वागत को साधारण अभिनंदन नहीं रहने दिया,बल्कि इसे सड़क पर भव्य जुलूस और खुले शक्ति प्रदर्शन में बदल दिया।“जेल के ताले टूट गए” यदुनंदन लाल वर्मा छूट गए।जैसे नारों और भारी भीड़ ने पूरे इलाके का माहौल गरमा दिया।अंबेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण और भाषणबाजी ने प्रशासन और कानून की संवेदनशीलता पर सवाल खड़े कर दिए।जेल से निकलने के बाद सपा नेता यदुनंदन लाल के तेवर और आक्रामक नजर आए।उन्होंने शायराना अंदाज में प्रशासन और विरोधियों को चेतावनी दी, “हम सर कटा सकते हैं, मगर सर झुका सकते नहीं।” इस बयान ने साफ कर दिया कि यह विवाद केवल अभद्र टिप्पणी तक सीमित नहीं है,बल्कि राजनीतिक वर्चस्व और संख्या बल की लड़ाई बन चुका है। यदुनंदन लाल वर्मा के बिगड़ते बोल को सुनकर।
हरदोई पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई की।यदुनंदन लाल वर्मा,भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष करन पासी,पदाधिकारी रितेश पासी समेत पांच नामजद और तथा 50 अज्ञात के लोगो खिलाफ मुकदमा दर्ज कर रितेश पासी को गिरफ्तार किया है। शेष अभियुक्त गणों की तलाश जारी है। वही हरदोई पुलिस ने पुनः एक बार सोशल मीडिया पर बयान दिया है कि किसी जाति धर्म देवी देवताओं के ऊपर अभद्र टिप्पणी एवं सोशल मीडिया के माध्यम से जाति सूचक अपशब्द पाए जाने पर पुलिस की निगाहों से बक्सा नहीं जाएगा जनपद पुलिस तत्काल अभियोग पंजीकृत कर उसे जेल की रास्ता दिखाएगी।
