मल्लावा हरदोई मनचला आशिक से परेशान पीडिता ने अधिकारियों के लगा रही चक्कर गांव से पलायन करने को मजबूर।
चन्दगीराम मिश्रा
हरदोई यूपी
पीड़िता ने राघोपुर चौकी इंचार्ज पर आरोपी पर कार्रवाई न करने का लगाया आरोप।
मल्लावां हरदोई कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत एक गांव की महिला ने गांव के युवक पर लंबे समय से छेड़छाड़, मारपीट और घर में घुसकर जबरन अश्लील हरकतें करने के प्रयास का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी है।पीड़िता के अनुसार, गांव निवासी ऋषभ द्विवेदी पुत्र प्रमोद द्विवेदी बीते वर्षों से उसे परेशान करता आ रहा है। पूर्व में भी उसने छेड़छाड़ की शिकायत थाने में की थी, जिस पर मुकदमा दर्ज हुआ था।
पीड़िता ने बताया कि वर्ष 2018 में उसकी शादी हो गई थी, लेकिन आरोपी द्वारा खींचे गए आपत्तिजनक फोटो ससुराल पक्ष को भेज देने के कारण उसका वैवाहिक जीवन प्रभावित हो गया।वह पिछले तीन वर्षों से अपने पिता के घर पर रह रही है। आरोप है कि आरोपी लगातार रास्ता रोककर गाली-गलौज करता और जान से मारने की धमकी देता है।
तहरीर के अनुसार, 24 नवंबर 2025 की रात करीब 10 बजे मन चला आरोपी ने मकान के पीछे से रस्सी के सहारे घर में घुसकर उसके साथ जबरन अश्लील हरकते करने का प्रयास किया। पीड़िता द्वारा विरोध करने पर हाथापाई में युवती के गाल पर चोट आई । शोर मचाने पर आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए छत के रास्ते फरार हो गया।
पीड़िता शिल्पी कुशवाहा पुत्री राम रहीस ने आरोप लगाते हुए उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की मांग की है। पीड़िता का आरोप है कि मेरे पति द्वारा विवाह के बाद से ही उसे प्रताड़ित किया जाता रहा और विरोध करने पर उसके साथ मारपीट कर घर से निकाल दिया गया।प्रार्थिनी के अनुसार उसकी शादी थाना मल्लावां क्षेत्र के नयागांव निवासी गोविंद कुमार के साथ हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही पति तथा ससुराल पक्ष के अन्य सदस्यों द्वारा कथित रूप से उत्पीड़न शुरू कर दिया था । स्थिति बिगड़ने पर उसे ससुराल से निकाल दिया गया, जिसके बाद से वह अपने मायके ग्राम गढ़ी रसूलपुर में रह रही है। इसके पीछे आरोपी ऋषभ द्विवेदी द्वारा ससुराल में भ्रम फैलाया गया और शादी के पहले भी लगातार छेड़छाड़ करता रहा जिसके कारण उसके पिता माता के खिलाफ
पीड़िता द्वारा स्थानीय थाना मल्लावां पर अपराध संख्या ₹230/17 धारा 354 ए 323 504 मुकदमा पंजीकृत कराया गया था मामला न्यायालय में विचाराधीन रहा। इसके बावजूद भी मनचला आशिक द्वारा लगातार धमकियां मिलती रहीं। पीड़िता का कहना है कि दबाव बनाने के उद्देश्य से उसके परिवार को भी मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया, जिससे उसके माता-पिता को गांव छोड़कर गांव से बाहर रहना पड़ रहा है।
पीडिता के अनुसार वर्ष 2025 में अपराध संख्या 450 / 2025 को भी पीडिता ने पुनः थाना मल्लावां में धारा 333, 74, 352, 351(3) बीएनएस के तहत ऋषभ द्विवेदी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। आरोप है कि मुकदमा दर्ज होने के बाद भी विपक्षी द्वारा फोन कॉल के माध्यम से उसे व उसके परिवार को धमकाया गया तथा गलत संदेश प्रसारित कर बदनाम करने का प्रयास किया गया।
पीड़िता ने स्थानीय पुलिस से आरोपितों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। पीड़िता ने राघोपुर चौकी इंचार्ज प्रदीप पांडे पर आरोप लगाया है कि उनकी शिथिल कर्य शैली को देखते हुए आरोपी के हौसले बुलंद है। कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो उसके परिवार को जान माल का खतरा है तथा पीड़िता परिवार सहित गांव व जनपद छोड़कर बाहर पलायन करने पर मजबूर हो जाएगी
इस संबंध में चौकी इंचार्ज राघोपुर से वार्ता किया गया तो उन्होंने कोई संतोष जनक जवाब नहीं दे पाए। ऐसी स्थिति में एक तरफ सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ नारी सशक्तिकरण को लेकर रात दिन प्रशासन को निर्देश दे रहे हैं। लेकिन चौकी राघोपुर की पुलिस का रवैया नारी सशक्तिकरण के प्रति संतोष जनक दिखता नजर नहीं आ रहा है। 3 वर्षों से दर-दर भटक रही महिला का मनचला आशिक पर पुलिस कार्रवाई करने में नाकाम साबित हो रही है।
