ब्यूरोचीफ शैलेन्द्रसिंह बारडोली गुजरात
सुरत जिले मे सरकारी सुविधा पथ योजना गांव की जनता के लिए दुविधा बन गई।
करोड़ोकी लागत से बने रस्ते थोड़े ही दिन मे टूटे उनपर पर ठेकेदार ओर अफसर ने मिलके भ्रष्टाचारी छिपाने का हिन प्रयास करके अलकतरा (डामर) लगाके ड्रेसिंग कर दिया।
मांडवी तालुका क्षेत्रमे आया अमलसाडी गांवमे गुजरात सरकार ने गांवों मे पक्के रास्ते का नवीनीकरण प्रोजेक्ट तहत मंजूर किए 2,51,34,310 करोड़ की लागत से 0/4 से 2/40 किलोमीटर का नया सीसी रास्ता मंजूर हुआ लेकिन गलती भ्रष्ट अफसरों ओर ठेकेदार की नहीं गरीब जनता की मजबूरी दिखाई देती है।2024-25 तहत सुविधा पथ मे नवीनीकरण कार्य अमलीकरण अफसर मार्ग मकान ऑफिस को सौंपा गया जो निर्माण कार्य की 2,51,34,310 करोड सरकार ने मंजूर किया जिस कामका ठेका श्रीजी कंस्ट्रक्शन कंपनी को देके जिम्मेवारी नायाब कार्य पालक इजनेर मार्ग ओर मकान का अफसर मांडवी अजय राठौड़ को दी गई थी।रास्ता बनाने पहले ठेकेदार ने पुराना रास्ता की खुदाई करके पूरा वेस्ट माल बाहरी लोगोंको बेचकर गांव प्रधान ओर अफसरों ने बेच कर बाग बताई करली होनेक गंभीर आरोप।
महीनों बाद काम ठेकेदारने शुरु किया सीसी रोड का महीनों बादभी ठेकेदार गंवामे दर्शन नहीं देने पर मामलसाडी गांव के नागरिक विजय भाई छोटु भाई पटेलने काम अधूरे होनेकि लिखित जानकारी स्थानीय मामलतदार, डे. कलेक्टर कौशिक जाधव को दी गई थी।रास्ते बनते ही महीनो कि बात दूर थोड़े ही दिन में सीसी रोड फट गया जिसमें पूरे सामान मे सीमेंट, रेत,
सलीया जैसे पुरे माल भ्रष्टाचार कंपनी का इस्तेमाल होने से रास्ता टूट गया टूटा रास्ता गवाह है लेकिन रहे जो अफसरों मानने को तैयार नहीं है।
मामलसाडी गांव के विजय भाई पटेलने राइट टु इनफार्मेशन कायदे से पूरे रस्ते की जानकारी लिखित में मांडवी के मार्ग विभाग के अफसर अजय राठौड़ से मांग गया जिसमें पुरी जानकारी जो खास चीज रास्ते बनाने की टेक्निकल इजाजत, टेंडर कॉपी ओर वर्क ऑडर की नकले नही दी तो सीधा मतलब वोही कागज में गहरी ओर बड़ी भ्रष्टाचार का राझ कागजों के भीतर मे छिपा है।
आज कल भाजपा पार्टी के सत्ता समय मे कही करोड़ो की लगात से बना जलकुंड ढह जाता है तो कही बनते ही रास्ता टूट जाना यह सब घटनाएं से क्या सिद्ध होता है ?अफसरों ओर ठेकेदारों की भ्रष्टाचारी नहीं तो ओर क्या?
